धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा लोकतंत्र व युवा शक्ति की जीत-डॉ शिवकुमार डहरिया

केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के पद से त्यागपत्र देने के बाद प्रदेश की राजनीति में भी गर्माहट आ गई है।

धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा लोकतंत्र व युवा शक्ति की जीत-डॉ शिवकुमार डहरिया

आरंग । केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के पद से त्यागपत्र देने के बाद प्रदेश की राजनीति में भी गर्माहट आ गई है। पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता डॉ. शिवकुमार डहरिया ने इस घटनाक्रम पर अपनी तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए इसे देश के करोड़ों छात्रों, युवाओं की संघर्षशीलता और लोकतंत्र की ऐतिहासिक जीत करार दिया है। उन्होंने कहा कि परीक्षा धांधली और पेपर लीक मामलों को लेकर देश भर में उपजे आक्रोश के सामने आखिरकार केंद्र की भाजपा सरकार को झुकना पड़ा।​विशेष बातचीत में पूर्व मंत्री डॉ. डहरिया ने कहा कि यह इस्तीफा स्वतः लिया गया निर्णय नहीं है, बल्कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के कड़े रुख और युवाओं के साथ उनके प्रत्यक्ष समर्थन का परिणाम है। राहुल गांधी जिस तरह छात्रों की आवाज बनकर आंदोलन में शामिल हुए, उसने सरकार की नी नींव हिला दी। उन्होंने प्रधानमंत्री पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि सब कुछ खोने के बाद '56 इंच' का दावा करने वाले देश के प्रधानमंत्री ने पूरे 36 दिनों की देरी के बाद दबाव में आकर यह फैसला लिया है। अब देश का युवा और आम जनता इस सरकार की दमनकारी नीतियों को भली-भांति समझ चुकी है और अब इनकी तानाशाही नहीं चलने वाली।डॉ. डहरिया ने कहा कि लाखों युवाओं ने रात-दिन एक करके वर्षों तक प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की थी, लेकिन बार-बार की अनियमितताओं और पेपर लीक जैसी घटनाओं ने उनके सुनहरे सपनों को चकनाचूर कर दिया। ऐसे संवेदनशील मामलों में नैतिक जिम्मेदारी तय होना ही लोकतंत्र की असली मजबूती का प्रमाण है। कांग्रेस पार्टी शुरू से ही निष्पक्ष जांच और जवाबदेही की मांग कर रही थी।​पूर्व मंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि केवल शिक्षा मंत्री का इस्तीफा ही अंतिम समाधान नहीं है। जब तक पूरे परीक्षा तंत्र में आमूलचूल और व्यापक बदलाव नहीं किए जाते, तब तक युवाओं का भविष्य सुरक्षित नहीं हो सकता। उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की कि पूरी परीक्षा प्रणाली को लीक-प्रूफ व पारदर्शी बनाया जाए, पेपर लीक के दोषियों को चिन्हित कर कठोरतम सजा दी जाए तथा प्रभावित विद्यार्थियों के हितों की रक्षा सुनिश्चित की जाए। डॉ. डहरिया ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि कांग्रेस युवाओं के अधिकारों और उनके सुरक्षित भविष्य के लिए आगे भी सड़क से लेकर सदन तक अपनी लड़ाई जारी रखेगी।